सोमवार, 4 फ़रवरी 2013

फेसबुक पर पत्नी से मात खा गए सीएम अखिलेश

नई दिल्ली। फेसबुक पर यूपी के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को उनकी सांसद पत्नी डिंपल यादव ने काफी पीछे छोड़ दिया है। फेसबुक पर डिंपल के पेज को करीब 20 हजार लोगों ने लाइक किया है, जबकि अखिलेश 15 हजार 800 प्रशंसकों के साथ अपनी पत्नी से काफी पीछे चल रहे हैं। प्रशंसक अपनी समस्याओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराने के लिए भी डिंपल के पेज का रुख कर रहे हैं।
फेसबुक पर पत्नी से मात खा गए सीएम अखिलेश
दुनियाभर के करीब 120 करोड़ लोगों के दिलों पर राज करने वाली फेसबुक पर लोकसभा सांसद डिंपल यादव के इस फेसबुक पेज को उनके प्रशसंकों ने बनाया है। डिंपल यादव की लोकप्रियता का आलम यह है कि प्रशंसक अपनी समस्याओं से मुख्यमंत्री को अवगत कराने के लिए इस पेज का रुख कर रहे हैं। डिंपल के प्रशंसकों ने मुख्यमंत्री से टैबलेट और लैपटाप जल्द दिलाने से लेकर पानी की आपूर्ति दुरूस्त करने तक का अनुरोध किया है।

डिंपल यादव के इस पेज पर समाजवादी पार्टी के कार्यों तथा अखिलेश सरकार की उपलब्धियों के बारे में कई पोस्ट किए गए हैं। डिंपल के प्रशंसक उनकी पोस्ट और फोटो पर खूब ‘कमेंट’ और ‘लाइक’ कर रहे हैं। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को क्रिकेट खेलते देखती डिंपल यादव की तस्वीर को अब तक 1150 लोगों ने लाइक और सैकड़ों लोगों ने कमेंट किया है। लाल रंग के कपड़े पहने और काला चश्मा लगाए डिंपल इस तस्वीर में बेहद सुंदर लग रही हैं।

डिंपल के पति अखिलेश यादव दो तरह से फेसबुक पर मौजूद हैं। उनके नाम से एक फेसबुक अकाउंट है। इसमें उनके पांच हजार ‘फ्रेंड्स’ हैं। वहीं उनका एक फेसबुक पेज है जिसको अब तक 8714 लोगों ने ‘लाइक’ किया है। इन दोनों ही जगहों पर उनके प्रशंसक और मित्र उन्हें अच्छा करने पर बधाई और कथित गलत निर्णय करने पर शिकायत करने से नहीं चूक रहे हैं। अखिलेश के एक प्रशंसक ने लिखा, ‘हार कर रुकना नहीं गर तेरी मंजिल दूर है। ठोकरें खाकर संभलना वक्त का दस्तूर है।’

सैन्य अधिकारी की बेटी डिंपल यादव और ‘नेताजी’ के नाम से पहचाने जाने वाले मुलायम सिंह के बेटे अखिलेश यादव ने वर्ष 1999 में शादी की थी। इनके तीन बच्चे हैं। डिंपल यादव कन्नौज लोकसभा सीट से सांसद हैं।

महिला कांस्टेबलों के लेजिम नृत्य ने बांधा समां

महिला कांस्टेबलों के लेजिम नृत्य ने बांधा समां
जोधपुर । राष्ट्र स्तरीय छह दिवसीय प्रतियोगिता के समापन समारोह में राजस्थान की महिला प्रशिक्षु कांस्टेबलों ने महाराष्ट्र का लेजिम नृत्य प्रस्तुत कर मुख्यमंत्री व देशभर के आला पुलिस अधिकारियों के साथ-साथ मौजूद दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

पिछले दो-तीन दिन से अभ्यास कर रही महिला प्रशिक्षु कांस्टेबलों ने महाराष्ट्र की रंगीन वेशभूषाा में बेहतरीन तालमेल के साथ लेजिम की प्रस्तुतियां दी। उन्होंने लेजिम नृत्य के दौरान स्वास्तिक की आकृति बनाकर सभी की तालियां भी बटोरी।

इस अवसर पर सीसुब के जवानों की ओर से कैमल टैटू शो तथा कमाण्डो के जांबाज करिश्माई प्रदर्शन ने सभी का मन मोह लिया।
कमाण्डो के बीच हाड़ी रानी बटालियन की कांस्टेबलों ने कराटे शो का प्रदर्शन किया। उन्होंने विभिन्न करतब दिखाकर वाह-वाही बटोरी।
समारोह में पाली सांसद बद्रीराम जाखड़, महापौर रामेश्वर दाधीच, जेडीए चैयरमैन राजेन्द्र सिंह सोलंकी, जिला प्रमुख दुर्गादेवी बलाई, विधायक कैलाश भंसाली, पूर्व महापौर डॉ ओमकुमारी गहलोत, एडीजी भूपेन्द्र सिंह यादव, आईजी डीसी जैन, पुलिस कमिश्Aर भूपेन्द्र कुमार दक व आरपीटीसी के कमाण्डेंट सवाई सिंह गोदारा मौजूद थे।

मार्च पास्ट की ली सलामी
समारोह के प्रारंभ में राजस्थान पुलिस के कमाण्डो व अन्य टीमों के कमाण्डो ने मार्च पास्ट किया। मुख्यमंत्री ने मार्च पास्ट की सलामी ली।

15 राज्य, 7 सीपीओ तथा 528 कमाण्डो
29 जनवरी को शुरू हुई प्रतियोगिता में राजस्थान, असम, छत्तीसगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, केरल, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, उड़ीसा, पंजाब, तमिलनाडू, उत्तराखण्ड, उड़ीसा, झारखण्ड तथा असम राइफल्स, सीसुब, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, आरपीएफ व एसएसबी की टीमों के 528 कमाण्डो ने भाग लिया।

महिला कांस्टेबल हुई बेहोश
मुख्यमंत्री के संबोधन के दौरान तमिलनाडु टीम के आगे चलने वाली महिला कांस्टेबल की तबीयत बिगड़ गई। कतार में टीम के आगे खड़े रहने के दौरान वह वह बेहोश होकर गिर गई। महिला जवान उसे बाहर लेकर आई और चिकित्सक से प्राथमिक उपचार कराया। फिर बेहोशी की हालत में उसे अस्पताल ले जाया गया।

इलाके में बेचते थे रिवॉल्वर

इलाके में बेचते थे रिवॉल्वर
सुमेरपुर। रिवा.ॅल्वर व जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार हुए दो युवकों ने भरतपुर से लाकर क्षेत्र में हथियार बेचने की बात पुलिस से कही है। पुलिस ने दोनों आरोपी युवकों को न्यायालय में पेशकर पूछताछ के लिए पांच दिन की हिरासत में लिया है। कार्यवाहक थाना प्रभारी हरिप्रसाद सोमानी ने बताया कि शनिवार को मुखबिर ने सूचना देकर बताया कि खिवांदी गांव में दो संदिग्ध व्यक्ति कार लेकर घूम रहे हैं।

सूचना मिलने पर पुलिस ने कार लेकर गांव में खड़े इठावड़ा (भरतपुर) निवासी राजीव पुत्र शिवनारायण मीणा व सिकरोदा (हिण्डौन) निवासी हसंराज पुत्र कुलबीराम जाटव को एक रिवाल्वर व पांच जिंदा कारतूस सहित गिरफ्तार किया। पूछताछ में दोनों ने भरतपुर से हथियार लाकर इलाके में बेचना बताया है। जांच के लिए पुलिस दल भरतपुर भी जाएगा। रविवार को दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया। जहां उन्हें पांच दिन पुलिस हिरासत में रखने के आदेश किए हैं।

'गुजरात नरसंहार के लिए माफी मांगे बिना धर्म मंडप में नहीं होगा नरेंद्र मोदी का स्‍वागत'

नई दिल्‍ली। गुजरात के मुख्‍यमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर महाकुंभ में विवाद हो गया है। संतों का एक गुट मोदी के यहां आने के खिलाफ है। इनका मानना है कि कुंभ धर्म के लिए है ना कि राजनीति के लिए। जबकि दूसरा गुट लगातार मोदी का स्‍वागत करने के लिए बेताब है।
'गुजरात नरसंहार के लिए माफी मांगे बिना धर्म मंडप में नहीं होगा नरेंद्र मोदी का स्‍वागत'
महाकुंभ में डेरा डाले स्‍वामी अधोक्षजानंद ने कहा कि राजनीति को धर्म से दूर रखना चाहिए। यहां सब धर्म के लिए आते हैं। ऐसे में राजनीति यहां नहीं होनी चाहिए। जो लोग मोदी को यहां बुलाना चाह रहे हैं, वे नकली संत हैं। अधोक्षजानंद ने इससे भी आगे बढ़ते हुए कहा कि नरेंद्र मोदी को गुजरात नरसं‍हार के लिए माफी मांगने चाहिए। वह जब तक उसका दंड नहीं भुगत लेते, तब तक उनका धर्म मंडप में कोई स्‍वागत नहीं है।

कुंभ में छह और सात फरवरी को होने वाले संत सम्मेलन में भाजपा के कई वरिष्ठ नेता शामिल हो सकते हैं। इनमें नरेंद्र मोदी का भी नाम शामिल है।

वृद्ध महिला को मारकर झोंपा में जलाया

वृद्ध महिला को मारकर झोंपा में जलाया 

गडरारोड रामसर तहसील के पाबूसरिया गांव में एक महिला को मौत के घाट उतार झोंपे सहित जलाने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार सत्तर वर्षीय महिला फातमा पत्नी हसन खां जो अकेली अपने घर पर रह रही थी, शनिवार रात को छह जनों ने उसे मौत के घाट उतार कर झोंपे में जला दिया। इस संबंध में मृतका के पुत्र साकर खां ने रामसर थाने में मामला दर्ज करवाया कि उसकी माता घर में अकेली रहती थी। शनिवार रात को अकबर पुत्र हासम निवासी पाबूसरिया सहित छह जनों ने माता को पहले मौत के घाट उतारा। इसके बाद माता को झोंपे में डाल कर जला दिया। सूचना मिलने के रामसर पुलिस मय जाब्ता के मौके पर पहुंची। साथ रामसर तहसीलदार व चौहटन डिप्टी घटनास्थल पर पहुंचे। इसके बाद पुलिस ने वृद्ध महिला का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंपा। इस मामले की जांच गडरारोड पुलिस थाना एसएचओ कैलाशदान को सौंपी गई है।देर रात तक एक भी आरोपी गिरफ्तार नहीं हुए थे।

भारत आए आठ पाक नागरिक वतन नहीं लौटे

भारत आए आठ पाक नागरिक वतन नहीं लौटे 
खुफिया एजेंसी ने गृह मंत्रालय को भेजी रिपोर्ट 

 बाड़मेर   वर्ष 2011 में वीजा लेकर थार लिंक एक्सप्रेस से भारत आए करीब आठ पाकिस्तानी नागरिक वीजा अवधि समाप्त होने के बाद भी अपने वतन नहीं लौटे हैं। भारत की खुफिया एजेंसी इन पर नजर रखे हुए हैं। इनकी संदिग्ध हरकतों को लेकर खुफिया एजेंसियों ने गृह मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी है। स्थानीय पुलिस भी ऐसी सूचना पर सतर्क हो गई है। ऐसे संदिग्ध लोगों की धरपकड़ करने की तैयार कर ली है। सूत्रों के अनुसार 2011 में पाकिस्तान से पांच पुरुष तथा तीन महिलाएं थार लिंक एक्सप्रेस से भारत अपने रिश्तेदारों से मिलने आए। वीजा अवधि समाप्त होने के बावजूद ये लोग वापस पाकिस्तान नहीं गए बल्कि सीमावर्ती गांवों में ही छिपकर रह रहे हैं। इनकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए खुफिया एजेंसियों की ओर से इनकी रैकी भी की गई। इसके बाद खुफिया एजेंसियों की ओर से इनकी फाइल तैयार कर गृह मंत्रालय को रिपोर्ट भेजी गई है। साथ ही पाकिस्तान के साथ हाल ही में हुई फ्लेग मीटिंग में भी इसको लेकर आपत्ति जताई गई।

रविवार, 3 फ़रवरी 2013

जांच अधिकारी का शव कब्र से निकाला

जांच अधिकारी का शव कब्र से निकाला
इस्लामाबाद। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री राजा परवेज अशरफ की कथित संलिप्तता वाले भ्रष्टचार के मामले से सम्बंधित जांच अधिकारी का शव जांच के लिए कब्र से निकाल लिया गया है। पिछले महीने उनका शव पंखे से झूलता पाया गया था। जांच अधिकारी कामरान फैसल राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो (एनएबी) के सहायक निदेशक थे। वह अशरफ की संलिप्ता वाले मामले की जांच में सहयोग दे रहे थे।

प्रधानमंत्री अशरफ पर आरोप है कि जब वह जल एवं विद्युत मंत्री थे, उस दौरान उन्होंने विद्युत संयंत्रों के निर्माण को मंजूरी देने के लिए रिश्वत ली थी। भ्रष्टाचार मामले की जांच के दौरान फैसल भारी दबाव में थे और उन्होंने अनुरोध किया था कि इस जांच से उन्हें अलग रखा जाए। फैसल की मौत के बाद उनके रिश्तेदारों ने आरोप लगाया था कि उनके शरीर पर यातना के निशान थे। उनका यह भी कहना है कि फैसल को अज्ञात लोग फोन पर बार-बार धमका रहे थे।

समाचार पत्र "डॉन" की खबर के मुताबिक, शनिवार को मियां चन्नू इलाके में स्थित फैसल की कब्र को खोदकर शव को बाहर निकाला गया। पंजाब फोरेंसिक साइंस एजेंसी की चार सदस्यीय टीम ने फैसल के शव से नमूने एकत्र किए। फोंरेंसिक टीम लाहौर में यह निर्धारित करने के लिए नमूनों का विश्लेषण करेगी कि फैसल ने खुदकुशी की थी या उनकी हत्या की गई।

फैसल की संदिग्ध हालात में हुई मौत के सिलसिले में पिछले दिनों हत्या का मामला दर्ज किया गया था। इस्लामाबाद स्थित एक मकान में 18 जनवरी को उनका शव पंखे से झूलता मिला था। एनएबी के आंतरिक सूत्रों ने पिछले दिनों जियो न्यूज को बताया था कि उन्होंने इस मामले पर अपनी रिपोर्ट में लिखा था कि वरिष्ठ अधिकारियों ने फैसल से जांच रिपोर्ट बदलने के लिए कहा था, लेकिन उन्होंने इनकार कर दिया था। इसके बाद उन्हें "मानसिक यंत्रणा" दी गई थी।

हत्या का मामला एनएबी के अतिरिक्त निदेशक (समन्वय) नोमान अस्लाम की शिकायत पर दर्ज किया गया। अस्लाम ने कहा कि उन्होंने यह मामला लोगों के बीच फैली इस अफवाह और संदेहों के आधार पर दर्ज कराया कि फैसल की हत्या की गई है।

जैसलमेर में बूंदाबांदी से सर्दी बढी

जैसलमेर में बूंदाबांदी से सर्दी बढी 


जैसलमेर सरहदी जैसलमेर जिले में पिछले दो दिनों से आकाश में छाये बादल आज बरस गए जिसके कारन शहर सहित के इलाको में सर्दी का जोर एकाएक बढ़ गए ,जैसलमेर में देर शाम को हुई बारिश ने मौसम का मिजाज़ ,दिया जहा कुछ दिनों से सर्दी से राहत के बाद लोगो ने गर्म कपडे समेत कर रख दिए थे उन्हें आज की बारिश के बाद बढी सर्दी ने गर्म कपडे वापस निकलने को मजबूर कर दिया वही शहर चल रही शादियों की सीजन पर भी सर्दी का असर देखा गया .शादियों के खाने में सर्दी और बरसात के कारन बहूत कम लोग ,पहुंचे बहरहाल समाचार लिखे तक रुक रुक कर बूंदा बंदी चल रही थी .सर्दी के असर ने जैसलमेर वासियों की दिनचर्या को भी प्रभावित ,किया बाज़ार बरसात के कारन जल्दी बंद हो गए सदके सुनी हो ,गई बरसात के इस दौर ने लोगो को घर में दुबकने पर मजबूर कर दिया

स्वर्ण जयंती शहरी रोजगार योजना के तहत कठपुतली प्रशिक्षण

स्वर्ण जयंती शहरी रोजगार योजना के तहत कठपुतली प्रशिक्षण
कच्ची बस्ती की महिलाओ को स्वरोजगार से जोड़ने का अनूठा प्रयास नगर परिषद् का 

जैसलमेर नगर परिषद जैसलमेर केसौजन्य से श्री कृष्णा संस्था जैसलमेर के तत्वाधान में स्वर्ण जयंती शहरी रोजगार योजना के तहत तीन माहि स्वरोजगार प्रशिक्षण के तहत कच्ची बस्ती की महिलाओ को कठपुतली निर्माण का प्रशिक्षण गफूर भट्टा पर आयोजित किया जा रहा हे . पेंतीस चयनित महिलाओ को कठपुतली निर्माण का प्रशिक्षण प्रशिक्षक द्वारा प्रशिक्षण दिया जा रहा , कार्यक्रम प्रभारी प्रदीप गौड़ ने बताया की नगर परिषद् द्वारा स्वर्ण जयंती शहरी रोजगार योजना के तहत कच्ची बस्ती की चयनित पेंतीस महिलाओ को से जोड़ने के उद्देश्य से प्रशिक्षण आयोजित करने के निर्देशों के तहत संस्था द्वारा जिले में पर्यटन रोजगार से जुड़े कठपुतली निर्माण की संभावना के मदेनाज़र महिलाओ को प्रशिक्षित किया जा रहा हे . बताया की प्रशिक्षण में पेंतीस महिलाए कठपुतली निर्माण का प्रशिक्षण ले रही हे .प्रशिक्षण का प्रथम पूरा होने के साथ आगामी दो माह तक उन्हें प्रशिक्षण में दक्षता हासिल कराइ जाएगी .दक्ष प्रशिक्षक द्वारा उन्हें प्रशिक्षण दिया जा रहा हें ,प्रशिक्षण स्थल का रविवार को डॉ अशोक तंवर ,संस्था सचिव चन्दन सिंह भाटी ने अवलोकन किया .

ईश्वर से जब भी याचना करें सीमाओं में न बाँधें अपनी कामनाओं को


ईश्वर से जब भी याचना करें सीमाओं में न बाँधें अपनी कामनाओं को

- डॉ. दीपक आचार्य
9413306077
याचनाओं और प्रार्थनाओं का वजूद मानव सभ्यता के साथ ही आदिकाल से प्रचलित रहा है। परमपिता परमेश्वर से लेकर आदमी तक कुछ न कुछ पाने के लिए प्रार्थना और याचना कासहारा लिया जाता रहा है।
बदलाव सिर्फ इतना भर आया है कि कुछ सदियों पूर्व तक ईश्वर से याचना करने वालों की संख्या अनगिनत थी और आज ईश्वर की बजाय विभिन्न प्रजातियों के छोटे-बड़े आदमियों केसामने हाथ फैलाने वालों की संख्या खूब है। ईश्वर से चाहने वालों की संख्या कम होती जा रही है। 
उस जमाने में लोग संतुष्ट थे और जो संतुष्ट होता है वही इन्द्र के बराबर माना गया है। तभी कहा गया - असंतुष्टा द्विजा नष्टा, संतुष्टा च महीपति। पुराने युगों में आदमी को अपनी बुद्धि औरसामर्थ्य पर पक्का भरोसा था और इसी के बल पर वह देवी-देवताओं से इच्छित वर मांग लिया करता था, प्रकृति पर विजय प्राप्त कर मनचाही दिशा और दशाओं का दिग्दर्शन करा सकता था।
कालान्तर में आदमी का अपने आप पर भरोसा खोता चला गया और इसी अनुपात में उसकी ईश्वर से दूरियाँ भी निरन्तर बढ़ती गई और वह अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिएआदमियों की भीड़ के सामने हाथ फैलाने लगा। 
एक जमाना वह भी आया जब आदमियों का कद ईश्वर के बराबर रहा, उस समय ईश्वरीय कार्यों को इन महापुरुषों ने बेहतर ढंग से अंजाम दिया। परवर्ती काल में आदमियों में स्वार्थ और क्षुद्रऐषणाओं का मोह जगा, इसके बाद से लेकर आज तक हम अपनी अनचाही न होने और मनचाही पाने के लिए इधर-उधर भटकते हुए आदमियों के सामने ही हाथ फैलाकर याचना करने लगे हैं।
याचना के इस भयानक दौर में हम उस श्रेणी के याचकों में शुमार हो चले हैं जिनका कोई स्तर ही नहीं रहा। कभी मुद्रा और संसाधनों, पद-प्रतिष्ठा, दर्जा, सम्मान-पुरस्कार और दूसरी सांसारिककामनाओं के लिए याचक बन जाते हैं, कभी उन चीजों के लिए याचक बन कर परिक्रमा करने लगते हैं जो हमें स्वतः प्राप्त होने वाली होती हैं।
वस्तुतः जीवन के हर कर्म और स्वयं जीवन से ही जो लोग असंतुष्ट रहते हैं वही अव्वल दर्जे के याचक होते हैं जो अपनी सारी लाज-शरम और धर्म-ईमान को ताक में रखकर दारिद्र्य भाव सेयाचना करते हुए सामने वाले को पिघलाने, भरमाने या खुश करने के तमाम जतन करते रहते हैं।
पूरी बेशरमी के साथ हम मांगने के आदी होते जा रहे हैं और हमारा स्वाभिमान जाने कहाँ बेच दिया है हमने। जिस ईश्वर ने हमें धरा पर भेजा है उसे भुलाकर उन लोगों से मांग रहे हैं जो स्वयंभिखारी हैं और अपने आकाओं से लेकर ऊपर तक के आदमियों के आगे हाथ फैलाये अनुनय विनय करने के आदी हैं अथवा उनके आगे पूरी तरह पसरने के।
आज की सृष्टि में दो किस्मों के आदमी हैं। एक तो वे हैं जो आदमियों के सामने याचना करते हैं और दूसरे वे हैं जो आदमियों के साथ-साथ निराशा के क्षण आ जाने की स्थितियों में ईश्वर केसामने याचना कर लिया करते हैं।
भिखारियों के सामने भिखारियों द्वारा याचनाओं पर चर्चा नहीं कर ईश्वर के आगे झोली पसारने वाले लोगों की चर्चा की जाए तो यह अच्छी तरह सामने आएगा कि लोग अपने मामूली सेमामूली कामों के लिए ईश्वर से याचना करते हैं। जबकि सांसारिक प्रवाह के सारे काम अपने आप होते रहते हैं इसके लिए ईश्वरीय शक्ति की कहीं कोई आवश्यकता नहीं हुआ करती।
लेकिन भविष्य के प्रति अज्ञानता की वजह से हम अक्सर बेवजह ईश्वर से याचना करते रहते हैं और अपनी शक्तियों को उन बातों या वस्तुओं के लिए जाया करते हैं जो अपने आप प्राप्त होतीरहने वाली हैं। जीवन भर में किसी भी प्रकार की जरूरत हो, इसके लिए मरणधर्मा और सांसारिक बुराइयों से भरपूर आदमी की बजाय ईश्वर से याचना का मार्ग अपनाया जाए तो हमारे सारे काम ज्यादाआसान और स्थायी प्रभाव छोड़ने वाले हो सकते हैं।
आदमियों से निराश होने के बाद ईश्वर की शरण पाने की बजाय हम सीधे ही ईश्वर से मुखातिब हों तो इससे अपने कामों के होने की तीव्रता तथा सफलताओं को पाने की रफ्तार और घनत्वभी अपेक्षाकृत कई गुना बढ़ा हुआ हो जाता है और इससे हमारे जीवन में माधर्यु और आनंद के साथ उपलब्धियों और कालजयी ऐतिहासिक आयामों का प्राप्त किया जा सकता है।
ईश्वर से जब भी कोई इच्छा रखें, इस बात का ध्यान रखें कि लक्ष्य या कामनाओं को सीमा में कभी न बांधें। ईश्वर हमें अनंत और अपरिमित देना चाहता है और उसमें वह सामर्थ्य है भी।लेकिन आमतौर पर हम अपने लक्ष्यों और प्राप्तियों को मानवी बुद्धि से नाप कर याचना करने लग जाते हैं। ऐसे में अपार संपदा, गुण और दिव्यताओं को देने वाला ईश्वर हमें अपनी मूर्खता की वजह सेअपनी मांग के अनुरूप सीमित संसाधनों और आयामों का ही फल देने को बाध्य हो जाता है।
इसलिए जीवन में जब भी ईश्वर से याचना और प्रार्थना करें तब वह सब कुछ मांगें, जो अपने जीवन की इहलौकिक और पारलौकिक यात्रा के लिए जरूरी हो, लेकिन इस बात का ख्याल रखेंकि दाता ईश्वर को किसी भी दृष्टि से सीमाओं में न बाँधें बल्कि यह प्रार्थना करें कि वह जो कुछ भी दे, अपनी इच्छा से दे।
ऐसा होने पर हमंे जो प्राप्त होगा उसे सीमाओं में बाँध पाना कभी संभव नहीं होगा। यही स्थिति हमें अनिर्वचनीय आनंद और महासंतोष के साथ ईश्वरीय कृपा का प्रत्यक्ष अनुभव भी करानेवाली होती है जिसके बाद ईश्वर के समक्ष भी याचना करने की आवश्यकता स्वतः समाप्त हो जाती है। इस स्थिति को लाकर ही हम मनुष्य और ईश्वर के शाश्वत संबंधों और अंशों का अनुभव कर सकतेहैं।

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत 6 फरवरी को बाड़मेर में


मुख्यमंत्री अशोक गहलोत 6 फरवरी को बाड़मेर में 

बाड़मेर 
राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बाड़मेर नगर में कुशलवाटिका का लोकार्पण समारोह और पचपदरा में लिफ्ट केनाल का लोकार्पण करने 6 फरवरी को प्रातः 9.30 बजे बाड़मेर पहुचेगें। 
विधायक मेवाराम जैन ने बताया कि राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत बाड़मेर शहर से 5 किमी दूर अहमदाबाद रोड़ पर स्थित कुशलवाटिका में 6 फरवरी को प्रातः 9.30 बजे समारोह का लोकार्पण करने पहुचेगे। इस समारोह में स्वायत्त शासन मंत्री शांति धारीवाल, राजस्व मंत्री हेमाराम चौधरी, मंत्री डॉ. जितेन्द्रप्रसाद, मंत्री अमीन खां, सांसद हरीश चौधरी, विधायक मेवाराम जैन, नगरपालिका सभापति श्रीमती उषा जैन भी सम्मिलित होगे। वहां समारोह से करीब 11.30 बजे रोड़ से पचपदरा के लिए रवाना होगे जहां लिफ्ट केनाल का लोकार्पण करेगें।

अवैध शराब से भरा ट्रक जब्त, चार गिरफ्तार

अवैध शराब से भरा ट्रक जब्त, चार गिरफ्तार

बाड़मेर राजस्थान के बाड़मेर जिले के सिवाना में हरियाणा से गुजरात जाने वाली अवैध शराब का ट्रक जब्त किया और उसके मुलजिम को भी गिरफ्तार किया राहुल बारहट, जिला पुलिस अधीक्षक बाड़मेर ने जानकारी देते हुए बताया कि हरियाणा से गुजरात जाने वाली अवैध शराब की धरपक्कड़ हेतु दिये गये निर्देशानुसार सुमेरसिंह उ.नि. थानाधिकारी पुलिस थाना सिवाना मय पुलिस जाब्ता द्वारा मुखबीर की ईतला अनुसार पादरू से मिोड़ा जाने वाली सड़क पर रात्रि में नाकबान्दी कर सिणधरी से मिोड़ा होते हुए सिवाना की तरफ आ रहे ट्रक नम्बर आरजे 07 जीए 1281 को दस्तयाब कर चालक का नाम पता पुछने पर अपना नाम नेनाराम पुत्र जगराम विश्नोई नि. रणोधर जिला जालोर व पास में बैठे व्यक्ति ने अपना नाम रामकेश पुत्र रामसहाय मीणा नि. सिरणी, भरतपुर होना बताया। ट्रक पर बघे तिरपाल को हटाकर तलाशी ली गई तो ट्रक मे भूसे से भरी बोरीयो के नीचे छुपाकर रखी गई अवैध व बिना लाईसेन्स की हरियाणा व आध्रप्रदेश निर्मित अंग्रेजी शराब व बीयर से भरे 700 कार्टन में विभिन्न बा्रंडो की 2340 बोतल 13680 पव्वें अंग्रेजी शराब व 5280 केन बीयर के पाये गये। इसी ट्रक की एस्कोर्ट कर रही एक एल्टो कार को भी पुलिस जाब्ता द्वारा दस्तयाब कर इसमें सवार तीन व्यक्तियों 1. जगदीश पुत्र हरजीराम विश्नोई नि. मदासर, बिकानेर 2. गणपत पुत्र घेवरराम विश्नोई नि. लूणावास थाना झंवर व 3. विकास पुत्र हरीराम विश्नोई नि. बनाड़ थाना डागीयावास को गिरफ्तार कर इनकी तलाशी लेने पर जगदीश के पास एक रिवाल्वर मय 4 कारतूस बरामद किये गये। पांचो मुलजिमान को गिरफतार कर अवेध शराब व वाहनो को जब्त किया जाकर मुलजिमान के विरूद्व पुलिस थाना सिवाना पर आबकारी अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज करने में महत्वपूर्ण सफलात प्राप्त की गई। बरामद शराब की किमत करीब 30 लाख रूपये आंकी गई है।

आरएएस मुख्य परीक्षा अब अप्रेल प्रथम सप्ताह में

आरएएस मुख्य परीक्षा अब अप्रेल प्रथम सप्ताह में
अजमेर। राजस्थान लोक सेवा आयोग आरएएस मुख्य परीक्षा मार्च में नहीं करा पाएगा। अब आयोग ने अप्रेल प्रथम सप्ताह में परीक्षा कराना तय किया है। आयोग को जिला कलक्टरों से परीक्षा मार्च में कराने को लेकर हरी झंडी नहीं मिल सकी।

आयोग के सहायक सचिव पूरन चंद शर्मा ने बताया कि राजस्थान राज्य एवं अधीनस्थ सेवा संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा 2012 अब अप्रेल प्रथम सप्ताह में होगी। परीक्षा का विस्तृत कार्यक्रम बाद में तय होगा। गौरतलब है कि आयोग ने 28 जनवरी से प्रस्तावित परीक्षा स्थगित करने के बाद एक मार्च से परीक्षा कराना तय किया था।

लेकिन सातों संभाग मुख्यालयों से कलक्टरों की हरी झंडी नहीं मिलने के कारण परीक्षा नहीं हो पाई। कलक्टरों ने सीबीएसई, राजस्थान बोर्ड, कॉलेजों की परीक्षाओं के कारण आरएएस मुख्य परीक्षा आयोजन को लेकर हाथ खड़े कर दिए थे।

जोशी के मर्डर में भाजपा नेता शामिल!

जोशी के मर्डर में भाजपा नेता शामिल!
नई दिल्ली। समझौता एक्सप्रेस ब्लास्ट मामले में आरोपी सुनील जोशी की हत्या के केस में मध्य प्रदेश के एक भाजपा नेता के शामिल होने की बात सामने आई है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी जल्द ही मऊ से भाजपा नेता जितेन्द्र शर्मा को गिरफ्तार कर सकती है। एनआईए को जितेन्द्र के घर से एक पिस्टल मिली है। जांच एजेंसी को शक है कि संघ प्रचारक जोशी की हत्या इसी पिस्टल से की गई थी।

जितेंद्र शर्मा समझौता एक्सप्रेस और मालेगांव बम धमाकों के आरोपी लोकेश शर्मा का चचेरा भाई है। एनआईए को संदेह है कि समझौता एक्सप्रेस और मालेगांव ब्लास्ट केस में जितेन्द्र की भी भूमिका रही है। सूत्रों के मुताबिक लोकेश शर्मा और राजेन्द्र चौधरी ने जोशी की हत्या की बात कबूल ली थी। इन दोनों के अपराध कबूलने के बाद एनआईए चाहती थी कि वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार को बरामद किया जाए। इसी सिलसिले में एनआईए टीम लोकेश को लेकर मध्य प्रदेश गई,जहां पर उसने अपने चचेरे भाई जितेंद्र शर्मा के घर से एक पिस्टल बरामद करवाई।

पिस्टल ईंट के एक ढेर में छिपाकर रखी गई थी। इस बारे में जब जितेंद्र से पूछताछ की गई तो उसने कहा कि लोकेशन ने इसे उसकी गैरमौजूदगी में छिपाई होगी। एनआईए का मानना है कि जितेंद्र झूठ बोल रहा है। लोकेश ने एनआईए को दिलीप जगताप के बारे में भी सुराग दिया था जिसके घर से एक और पिस्टल बरामद हुई है। खास बात यह है कि जगताप इंदौर से कांग्रेस पार्षद का भाई है।

जगताप को भी जोशी मर्डर केस के मामले में गिरफ्तार किया गया है। माना जा रहा है कि हथियारों का जिम्मा वही संभाला करता था। यह भी पता चला है कि जगताप साइकल के के बिजनस में है। ऎसे में एजेंसी इस बात की भी जांच कर रही है कि मालेगांव धमाकों के लिए जगताप ने ही साइकलें तो नहीं जुटाई थीं।

एनआईए इससे पहले बलबीर सिंह नाम के शख्स से पिस्टल की मैगजीन बरामद कर चुकी है। वह भी इसी मामले में गिरफ्तार हो चुका है। वारदात को अंजाम देने से पहले उसी ने लोकेश शर्मा और राजेंदर चौधरी को अपने घर में शरण दी थी।

आक्रोशित भीड़ से समझाइश के प्रयास तालाब में हथियार की तलाश करते पुलिसकर्मी


आक्रोशित भीड़ से समझाइश के प्रयास  तालाब में हथियार की तलाश करते पुलिसकर्मी 
बार-बार जीप पर गुस्सा उतारती रही भीड़ 
जीप पलटी तो रिवॉल्वर फेंक भागे आरोपी, एक घायलावस्था में पकड़ा गया 

दिनदहाड़े युवक का अपहरण 




 पाली



सोजत मार्ग स्थित एक भूखंड पर कब्जे को लेकर चल रहे विवाद में एक पक्ष के बुलावे पर जोधपुर से आए बदमाशों ने दूसरे पक्ष के युवक का शनिवार को दिनदहाड़े अपहरण कर लिया। नया गांव मार्ग पर मोड़ पर बदमाशों की कैनन जीप डंपर से टकरा कर पलट गई, जिससे एक बदमाश व अपहृत युवक घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि इस दौरान चार-पांच बदमाश हवाई फायर कर रिवॉल्वर पास ही एक नाडी में फेंककर भाग गए। पुलिस ने पानी की नाडी में तलाशी भी कराई, लेकिन वहां कुछ नहीं मिला। इधर, जीप में लोहे के पांच पाइप मिले हैं। घायल युवक की ओर से दर्ज कराई गई रिपोर्ट में भी बदमाशों के पास रिवॉल्वर होने की बात कही गई है, लेकिन फायर करने का जिक्र नहीं है।

अचानक हुए इस घटनाक्रम से इलाके में सनसनी फैल गई और आक्रोशित लोगों ने रास्ता जाम कर दिया। भीड़ ने बदमाशों की दुर्घटनाग्रस्त बिना नंबरी टाटा कैनन जीप में तोडफ़ोड़ कर उसे जलाने का भी प्रयास किया। इस दौरान आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर गुस्साए लोगों ने दो घंटे तक रास्ता जामकर जोरदार हंगामा किया। स्थिति को संभालने के लिए यहां भारी पुलिस जाप्ता तैनात किया गया।

 
इस बीच मौके पर पहुंचे विधायक ज्ञानचंद पारख, एएसपी श्यामसिंह चौधरी व एसडीएम विश्वमोहन शर्मा ने लोगों को समझाइश की कि आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद लोग शांत हुए। इसके बाद पुलिस ने क्रेन की मदद से मौके पर पलटी जीप हटाकर इस मार्ग पर यातायात सुचारू कराया। 

घायल साथी को छोड़ भागे बदमाश, दूसरा पकड़ा गया

प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि नया गांव निवासी किशन बंजारा पुत्र मांगीलाल को जोधुपर से बुलाए बदमाश जीप में डालकर ले जा रहे थे। दिन में साढ़े तीन बजे बदमाशों की जीप नया गांव-खैरवा मोड़ पर सामने से आ रहे एक डंपर से टकरा कर पलट गई। इस दौरान चार-पांच बदमाश उतरकर भाग गए, जबकि दुर्घटनाग्रस्त जीप से लोगों ने नया गांव निवासी किशन बंजारा व जोधपुर के खेतासर निवासी ओमप्रकाश विश्नोई पुत्र भंवरलाल को भी घायलावस्था में बाहर निकाला। सूचना मिलने पर मौके पर पुलिस मौके पर पहुंची तथा दोनों को बांगड़ अस्पताल में भर्ती कराया। अस्पताल में भर्ती ओमप्रकाश विश्नोई का पुलिस निगरानी में उपचार चल रहा है। उससे पूछताछ कर अन्य आरोपियों के बारे में पता लगाया जा रहा है।

जिलेभर में नाकाबंदी, बदमाशों का सुराग नहीं

दिनदहाड़े युवक के अपहरण की घटना से पुलिस भी अलर्ट हो गई। बदमाशों को पकडऩे के लिए जिलेभर में नाकाबंदी कराई, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया। पुलिस बांगड़ अस्पताल में भर्ती एक आरोपी ओमप्रकाश विश्नोई से पूछताछ कर घटना के संबंध में जानकारी जुटा रही है। इसके बाद वारदात में लिप्त अन्य आरोपियों का पता लगाया जाएगा।

पाली में सक्रिय हुई गैंग, पहले भी हुए फायर

शहर तथा आसपास के इलाके में भूखंडों की खरीद-फरोख्त तथा उस पर कब्जा करने के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। कुछ दिनों पहले भी ऐसे ही विवाद को लेकर पूनायता गांव के हनुमानसिंह राजपुरोहित ने भी जोधपुर के मांगीलाल विश्नोई गिरोह के खिलाफ मारपीट व फायर करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले की पुलिस जांच कर रही है। सुनने में आया है कि एक सप्ताह पहले नया गांव इलाके में भी भूमि विवाद को लेकर इलाके के लोगों ने एक युवक पर हवाई फायर किया था, लेकिन इस संबंध में किसी ने रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई। सदर थाना ्षेत्र के सोनाई मांजी टोल नाके पर भी यात्रियों की बस पर हवाई फायर करने के आरोप लगे थे, जिसकी भी पुलिस जांच कर रही है।

कनपट्टी पर रिवॉल्वर लगाकर किया अपहरण

कोतवाली थाना प्रभारी भंवर रणधीरसिंह ने बताया कि नया गांव निवासी किशन बंजारा की ओर से दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया गया है कि नया गांव इलाके में स्थित एक भूखंड पर उसका कब्जा है, जिसे जीवाराम बंजारा अपना बता रहा हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि शनिवार को ओमप्रकाश सेन निवासी पाली ने उसे फोनकर भूखंड पर बुलाया। वहां ओमप्रकाश के साथ मांगीलाल विश्नोई, जीवाराम बंजारा व तीन-चार अन्य व्यक्ति टाटा कैनन जीप लेकर खड़े थे। उसके बाद इंडिका कार में सवाईसिंह राजपुरोहित, जगदीशसिंह व जितेंद्रसिंह राजपुरोहित समेत चार-पांच युवक भी वहां पहुंचे। आरोप है कि मांगीलाल विश्नोई व सवाईसिंह राजपुरोहित ने उसकी कनपट्टी पर रिवॉल्वर लगाकर धमकाया और भूखंड की चारदीवारी पर ओमप्रकाश सेन का नाम लिखवाया। उसके बाद मांगीलाल विश्नोई, ओमप्रकाश सेन व जीवाराम बंजारा समेत पांच-छह युवक उसे अपनी गाड़ी में डालकर शहर की तरफ जा रहे थे, लेकिन रास्ते में डंपर से टकरा कर जीप पलट गई। पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की है।

इसी टाटा कैनन जीप में किया गया युवक का अपहरण। यह जीप डंपर की टक्कर के बाद पलट गई।

आक्रोशित भीड़ ने मौके पर पड़ी दुर्घटनाग्रस्त टाटा कैनन जीप में पांच-छह बार तोडफ़ोड़ कर उसे जलाने का भी प्रयास किया। भीड़ में शामिल लोग बार-बार उस जीप को जलाने की बात कह रहे थे, जिसके चलते पुलिस ने क्रेन की मदद से उसे वहां से हटाकर सुरक्षित जगह पर रखवा दी। बिना नंबरी यह जीप बिल्कुल नई है, जो संभवत: कुछ दिन पहले ही शो रूम से बाहर निकली हैं। उसके इंजन व चेसिस नंबर के आधार पर इसको लेकर जानकारी जुटाई जा रही है।

अपहरण की दी थी सुपारी!

पुलिस को प्रारंभिक छानबीन में पता लगा है कि नया गांव-खैरवा मार्ग पर स्थित एक भूखंड के विवाद को लेकर संजय बंजारा व जीवाराम बंजार में विवाद चल रहा है। गत 30 जनवरी को भी दोनों के गुट आमने-सामने हुए थे, जिसको लेकर जीवाराम की ओर से संजय बंजारा, किशन बंजारा समेत आठ-दस लोगों के खिलाफ मारपीट व दस्तावेज छिनने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया था। बताया जा रहा है कि जीवाराम बंजारा ने उक्त भूखंड के दस्तावेज ओमप्रकाश सेन के नाम से बनाए। जीवाराम व ओमप्रकाश सेन ने किशन बंजारा के अपहरण के लिए जोधपुर के मांगीलाल विश्नोई गिरोह को लेनदेन कर सुपारी दी। इसी के चलते दिन में साढ़े तीन बजे मांगीलाल विश्नोई के साथ आए बदमाशों ने किशन का अपहरण किया।

पाली. घटना के विरोध में नया गांव मार्ग पर लोगों ने जाम लगाकर दो घंटे तक प्रदर्शन किया।

नया गांव इलाके में साढ़े तीन बजे हुई इस घटना के बाद दुर्घटनाग्रस्त जीप के पास मोहल्ले के लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। बंजारा समाज के लोगों ने आरोपियों की गिरफ्तारी तथा नाडी में फेंकी रिवॉल्वर की बरामदगी की मांग को लेकर रास्ता जाम कर दिया। लोगों के आक्रोश को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस जाप्ता तैनात किया गया। आखिरकार समझाइश के बाद शाम साढ़े पांच बजे लोगों की भीड़ वहां हटी और इस मार्ग पर यातायात बहाल हो पाया।