मंगलवार, 30 जुलाई 2013

महात्मा गांधी नरेगा के प्रभावी कि्रयान्वयन को चलेगा पांच सूत्री अभियान



महात्मा गांधी नरेगा के प्रभावी कि्रयान्वयन को चलेगा पांच सूत्री अभियान

-पांच सूत्री अभियान के तहत पंचायत समिति एवं ग्राम पंचायत स्तर पर कर्इ कार्य संपादित किए जाएंगे।

बाड़मेर, 30 जुलार्इ। महात्मा गांधी नरेगा योजनान्तर्गत विभिन्न सूचनाओं को एमआर्इएस में अपडेट करने, नरेगा अधिनियम-2005 के अनुसार ग्राम पंचायत एवं पंचायत समिति स्तर पर संघारित आवश्यक रिकार्ड को अपडेट करने, उपयोगिता प्रमाण पत्राें के समायोजन एवं गत वर्ष के कार्यों के मूल्यांकन तथा अपूर्ण कार्यों को पूर्ण कराने के लिए पांच सूत्री अभियान चलाया जाएगा। पांच सूत्री अभियान के तहत 31 अगस्त तक निर्देशाें की पालना करने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसा नहीं होने पर मनरेगा अधिनियम 2005 की धारा 25 एवं नियमित कार्मिकाें के विरूद्व सेवा नियमाें के अनुसार कार्यवाही की जाएगी।

अतिरिक्त जिला कार्यक्रम समन्वयक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी एल.आर.गुगरवाल ने बताया कि पांच सूत्री अभियान के दौरान एमआर्इएस अपडेशन कार्य के तहत परिवार के बीपीएल एवं अल्पसंख्यक,अनुसूचित जाति, अनुसूचित जन जाति, ओबीसी, राष्ट्रीय स्वास्थ्य लाभ बीमा योजना, आधार नंबर संबंधित सूचना को अपडेट करने, पाइप लाइन में प्रदर्शित व्यय भुगतान एवं दिनांक अंकित करने, चालू एवं पूर्ण कार्यों के फोटो अपलोड करने का कार्य किया जाएगा। ग्राम पंचायत स्तर मनरेगा अधिनियम के अनुसार 30 जून 2013 तक की सिथति के अनुसार रिकार्ड अपडेशन किया जाएगा। इसके तहत परिवार पंजीयन प्रार्थना पत्र इन्द्राज रजिस्टर, जोब कार्ड रजिस्टर, बेरोजगारी भत्ता रजिस्टर, जोब कार्ड जारी रजिस्टर, ग्राम रोजगार रजिस्टर, परिसंपति एवं संचयी व्यय रजिस्टर, शिकायत पंजिका, केशबुक का अपडेट किया जाएगा। निर्धारित स्थानाें पर रोजगार की मांग प्रपत्र वितरण करने के साथ पूर्व के बकाया भुगतान का निस्तारण किया जाएगा। रिकार्ड अपडेशन के उपरांत ग्राम पंचायत द्वारा निर्धारित प्रारूप में प्रमाण पत्र कार्यक्रम अधिकारी को देना होगा, जिसका कार्यक्रम अधिकारी को सत्यापन कराना होगा।

गुगरवाल ने बताया कि पंचायत समिति स्तर पर ऐसे प्रकरण, जिनमें बेरोजगारी भत्ता देय प्रदर्शित हो रहा है, परंतु वास्तव में बेरोजगारी भत्ता देय नहीं, को अपडेट किया जाएगा। इसी तरह मस्टररोल नियंत्रण रजिस्टर, ग्राम पंचायत के अतिरिक्त अन्य कार्यकारी संस्था से मस्टररोल प्रापित रजिस्टर, प्रपत्र-10, शिकायत पंजिका, अभियंताआें द्वारा प्रपत्र 29 का अपडेशन एवं लंबित जांचाें का निस्तारण किया जाएगा। रिकार्ड अपडेशन के बाद पंचायत समिति को भी निर्धारित प्रारूप में प्रमाण पत्र अतिरिक्त जिला कार्यक्रम समन्वयक को देना होगा। इसका सत्यापन कराया जाएगा। अभियान के दौरान 31 मार्च 2012 तक संपादित समस्त कार्यों के उपयोगिता प्रमाण पत्र जारी कर समायोजन करवाया जाएगा। ऐसे कार्य जिनका मूल्यांकन होना बकाया है, इसका मूल्यांकन कर राशि का समायोजन कराया जाएगा। इसी तरह 31 मार्च 2012 तक स्वीकृत कार्यों में से अपूर्ण कार्याेंं को पूर्ण कर कार्य योजना तैयार कराने के निर्देश दिए गए हैं।

किसकी होगी जिम्मेदारी: पंचायत एवं जिला स्तर से प्रगति प्रस्तुत करने का उत्तरदायित्व एमआर्इएस मैनेजर र्इजीएस का होगा। प्रत्येक पंचायत समिति के लिए नोडल अधिकारी बनाए जाएंगे, जो सप्ताह में दो दिन आवंटित ग्राम पंचायत एवं पंचायत समिति में जाकर प्रगति एवं गुणवत्ता की निगरानी करेंगे।

होगी अनुशासनात्मक कार्यवाही: पांच सूत्री अभियान के दौरान निर्देशाें के पालना नहीं करने पर संविदा कार्मिकाें के खिलाफ मनरेगा अधिनियम की धारा-25 एवं नियमित कार्मिकाें के विरूद्व डीपीसी द्वारा सेवा नियमाें के अनुसार कार्यवाही की जाएगी। जिन कार्मिकाें के विरूद्व अनुशासनात्मक कार्यवाही राज्य स्तर से की जानी है, उनके विरूद्व कार्यवाही के लिए डीपीसी द्वारा आरोप पत्र एवं आरोप विवरण पत्र विभाग को प्रेषित करने के निर्देश दिए गए हैंै।

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