कस्टडी से भागे सिलवेस्टर को दबोचा

कस्टडी से भागे सिलवेस्टर को दबोचा

जयपुर/उदयपुर। गैंगस्टर सोहराबुद्दीन का साथी और आदतन अपराधी सिलवेस्टर को पुलिस ने फिर दबोच लिया है। उसे शनिवार शाम उदयपुर से ही गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने फिलहाल इतना ही कहा है कि सिलवेस्टर को उदयपुर पुलिस ने पकड़ लिया है।

ज्ञातव्य है कि सिलवेस्टर शुक्रवार रात गुजरात पुलिस की कस्टडी से फरार हो गया था। सिलवेस्टर पर उदयपुर में हमीद लाला हत्याकांड में शामिल होने का आरोप है। इस संबध में गुजरात पुलिस उसे उदयपुर पेशी पर लेकर आई थी। पेशी भुगतने के बाद उसे वापस गुजरात ले जाया जा रहा था। इसी दौरान वह पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। बताया जा रहा है कि सिलवेस्टर ने 31 दिसंबर 2004 को सोहराबुद्दीन के साथ मिल कर उदयपुर में हमीद लाला को मार दिया था। इस आदतन अपराधी को पकड़ने के लिए शनिवार सुबह कई जगहों पर दबिशें दी गई लेकिन उसके बारे में कुछ भी पता नहीं चल सका।

पुलिस के अनुसार, उदयपुर के भोपालपुरा थाना क्षेत्र का रहने वाला 30 साल का सिलवेस्टर आदतन अपराधी है। उस पर करीब आधा दर्जन से अधिक हत्या, लूटपाट, फरौती मांगने सहित कई अन्य मामले दर्ज हैं। शुक्रवार को गुजरात की बड़ौदा पुलिस के पांच पुलिसकर्मी सिलवेस्टर को पेशी पर गुजरात से उदयपुर न्यायालय लाए थे। यहां से उसे जेल भेज दिया गया। शाम को गुजरात पुलिस सिलवेस्टर को बड़ौदा ले जा रही थी।

इसी दौरान रास्ते में एक ढाबे पर गुजरात पुलिसकर्मियों के साथ चिलवेस्टर ने भी खाना खाया। इसके बाद सभी लोग जब गाड़ी में बैठ कर जाने को हुए, तभी पता चला कि गाड़ी के ब्रेकों ने काम करना बंद कर दिया है। ड्राइवर को ब्रेक ठीक कराने के लिए दोबारा उदयपुर शहर की ओर आना पड़ा। यहां पर ब्रेक ठीक हो जाने के बाद जब बड़ौदा पुलिस का दल रवाना हुआ तो सिलवेस्टर ने शौच जाने का बहाना बनाया और वहीं से फरार हो गया।

काफी देर तक जब सिलवेस्टर बाहर नहीं आया, तो पुलिस के होश फाख्ता गए। घटना की सूचना स्थानीय थाना पुलिस को दी गई। सूचना पर मौके पर पहुंची हिरण मगरी थाना पुलिस ने चिलवेस्टर को पकड़ने के लिए नाकाबंदी भी करवाई लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों को घटना की जानकारी दी गई। घटना के संबंध में गुजरात पुलिस की ओर से कैदी के फरार होने का मामला दर्ज करा दिया गया।

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